
इंडिया टूरिज्म डेवलपमेंट कॉर्पोरेशन (ITDC) की 60वीं सालगिरह के मौके पर, पर्यटन मंत्रालय और जनजातीय मामलों के मंत्रालय ने एक समझौता ज्ञापन (MoU) पर हस्ताक्षर किए। इसका मकसद जनजातीय युवाओं को हॉस्पिटैलिटी, टूरिज्म, डिजिटल ऑपरेशन और साक्षरता जैसे क्षेत्रों में इंडस्ट्री के हिसाब से ज़रूरी स्किल सिखाना है।
केंद्रीय जनजातीय मामलों के मंत्री जुएल ओराम ने कहा कि इस पहल का मकसद स्किल डेवलपमेंट के ज़रिए समुदाय-आधारित आजीविका के मौकों को मज़बूत करना है, जिससे टिकाऊ रोज़गार पैदा हो सकें और जनजातीय समुदायों की आर्थिक स्थिति बेहतर हो सके।
केंद्रीय पर्यटन मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने भारत के टूरिज्म और हॉस्पिटैलिटी सेक्टर में ITDC और ‘द अशोक’ के लंबे समय से चले आ रहे योगदान की तारीफ़ की और पिछले छह दशकों में देश के टूरिज्म इकोसिस्टम को सहारा देने में उनकी भूमिका को रेखांकित किया।
ITDC की डायमंड जुबली के जश्न के दौरान इस MoU का औपचारिक आदान-प्रदान किया गया, जहाँ दोनों मंत्रियों ने कई नई पहलों का उद्घाटन भी किया। पर्यटन राज्य मंत्री सुरेश गोपी ने वर्चुअल रूप से कार्यक्रम को संबोधित करते हुए ITDC को 60 साल पूरे होने पर बधाई दी और भारतीय टूरिज्म के विकास में इसके लगातार योगदान की सराहना की।

