IndiaAI मिशन के सपोर्ट वाला ‘Varya’ बड़े पैमाने पर AI वीडियो बनाना सस्ता बनाने का लक्ष्य रखता है।

भारत ने अपने स्वदेशी आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) इकोसिस्टम को मज़बूत करने की दिशा में एक और कदम उठाया है। इसके तहत ‘Varya’ (वार्या) को लॉन्च किया गया है, जो भारत सरकार के ‘IndiaAI Mission’ के सहयोग से ‘Avataar’ (अवतार) द्वारा विकसित एक स्वदेशी AI-पावर्ड वीडियो जनरेशन मॉडल है।

इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय (MeitY) के सचिव एस. कृष्णन की मौजूदगी में नई दिल्ली में लॉन्च किया गया ‘Varya’, पूरे भारत में यूज़र्स के लिए हाई-क्वालिटी AI वीडियो बनाना तेज़, सस्ता और आसान बनाने के लिए डिज़ाइन किया गया है।

यह लॉन्च भारत के उस बढ़ते फोकस को दिखाता है जिसमें वह अपनी खुद की AI क्षमताएं विकसित करने और विदेशी AI टेक्नोलॉजी पर निर्भरता कम करने के साथ-साथ स्थानीय ज़रूरतों और सांस्कृतिक संदर्भों के हिसाब से इनोवेशन को बढ़ावा दे रहा है।

भारत की विविध वास्तविकताओं के लिए बनाया गया
दुनिया भर में ट्रेन किए गए कई AI मॉडल्स के विपरीत, ‘Varya’ को भारत की भाषाई, सांस्कृतिक और क्षेत्रीय विविधता को ध्यान में रखकर विकसित किया गया है। यह प्लेटफ़ॉर्म भारतीय त्योहारों, परंपराओं, समुदायों, पहनावे, खान-पान, सार्वजनिक जगहों और रोज़मर्रा के अनुभवों को दिखाने वाला विज़ुअल कंटेंट समझने और बनाने के लिए डिज़ाइन किया गया है।

डेवलपर्स का कहना है कि यह मॉडल कई तरह के कामों में मदद कर सकता है, जैसे एजुकेशनल कंटेंट बनाना, जन-जागरूकता अभियान चलाना, डिजिटल विज्ञापन, ई-कॉमर्स मार्केटिंग और कहानी सुनाना (स्टोरीटेलिंग)।

एक टीचर विज़ुअल लेसन बना सकता है, छोटा बिज़नेस प्रमोशनल वीडियो बना सकता है, और आम नागरिक आसान टेक्स्ट प्रॉम्प्ट का इस्तेमाल करके दिलचस्प वीडियो फॉर्मेट के ज़रिए जानकारी पा सकते हैं।

तेज़ और कम खर्चीला वीडियो जनरेशन
‘Varya’ के मुख्य इनोवेशन में से एक है ‘डिस्टिल्ड वीडियो जनरेशन टेक्नोलॉजी’ का इस्तेमाल। यह एक मशीन-लर्निंग तरीका है जो आउटपुट की क्वालिटी बनाए रखते हुए कंप्यूटेशनल ज़रूरतों को काफी कम कर देता है।

पारंपरिक AI वीडियो जनरेशन मॉडल्स में अक्सर फाइनल वीडियो बनाने के लिए 50 से ज़्यादा प्रोसेसिंग स्टेप्स की ज़रूरत होती है। बताया जाता है कि ‘Varya’ इस प्रोसेस को घटाकर सिर्फ़ चार स्टेप्स में ले आता है। यह ‘मॉडल डिस्टिलेशन तकनीक’ के ज़रिए होता है, जो बड़े AI सिस्टम की क्षमताओं को ज़्यादा कुशल आर्किटेक्चर में ट्रांसफर करती है।

‘Avataar’ के अनुसार, यह मॉडल लगभग ₹0.48 प्रति सेकंड की लागत से वीडियो कंटेंट बना सकता है। यह कई प्रमुख इंटरनेशनल वीडियो-जनरेशन प्लेटफ़ॉर्म की तुलना में दस गुना तक सस्ता है।

इसका आसान वर्कफ़्लो यूज़र्स को किसी आइडिया को वीडियो में बदलने और फिर अतिरिक्त क्लिप्स के ज़रिए कहानियाँ आगे बढ़ाने की सुविधा देता है, जिससे कंटेंट बनाने का अनुभव बहुत सहज हो जाता है।

IndiaAI Mission का समर्थन
‘Avataar’ उन कंपनियों में शामिल थी जिन्हें सरकार के ‘IndiaAI Mission’ के तहत स्वदेशी फाउंडेशन AI क्षमताएं विकसित करने के लिए चुना गया था। सब्सिडी वाले राष्ट्रीय AI कंप्यूटिंग इंफ्रास्ट्रक्चर तक पहुँच ने Varya के पीछे की रिसर्च और डेवलपमेंट को आसान बनाने में मदद की।

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